मुंबई: केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने सोमवार को मुंबई के अंतर्राष्ट्रीय हवाइअड्डे (Mumbai International Airport) पर ड्रग्स के साथ एक 74 साल के पोलिश नागरिक को गिरफ्तार किया। उसके पास से छह किलो हेराइन बरामद हुई है, जिसकी कीमत 18 करोड़ रुपये है। आरोपी को मंगलवार को हालीडे कोर्ट में पेश किया गया। पकड़े जाने के बाद आरोपी ने कहा कि उसके दोस्तों ने उसके साथ धोखा किया है। उसके सूटकेस में ड्रग्स है इस बात से वह अंजान था। पोलिश नागरिक का कहना था कि बैग की डिलीवरी के लिए वह इसलिए मान गया क्योंकि उसे इसके बदले पैसे मिलते जो उसकी बीवी के इलाज के काम आता, जो फेफड़े के कैंसर से ग्रस्त है। हालांकि, सीबीआइ के सूत्रों का कहना है कि वह किसी ड्रग रैकेट गिरोह का सदस्य मालूम पड़ता है।
बैग में हेरोइन रखे जाने की नहीं थी कोई खबर: विदेशी नागरिक
आरोपित की पहचान जसिंकी आंद्रेज विस्लॉ (Jasinki Andrzej Wieslaw) के रूप में हुई है, जिसने इथियोपिया के रास्ते जिम्बाब्वे से मुंबई का सफर तय किया है। सीबीआइ की तरफ से पेश वकील विमल सोनी ने कोर्ट को बताया कि आरोपित किसी बड़े ड्रग तस्कर गिरोह का सदस्य मालूम पड़ता है क्योंकि उसके सूटकेस में बड़ी मात्रा में हेराइन छिपाकर रखे गए थे। सीबीआइ ने केंद्रीय एजेंसी ने आगे की जांच और सिंडिकेट का पता लगाने के लिए आरोपित की सात दिन की हिरासत मांगी। जबकि विस्लॉ ने कोर्ट से कहा, मेरे दोस्तों ने मेरे साथ धोखा किया है। उन्होंने मुझे मुंबई में किसी को बैग पहुंचाने को कहा। मुझे रखे गए ड्रग्स के बारे में कुछ पता नहीं था।
CBI को है आरोपी पर शक
विस्लॉ ने यह भी बताया कि उसकी पत्नी फेफड़े के कैंसर से जूझ रही है और उसे अपनी बीवी का इलाज कराना है। उसके दोस्तों ने इस सूटकेस को पहुंचाने के एवज में कुछ पैसे दिलाने का वादा किया था। लेकिन गिरफ्तार होने के बाद उसे पता चला कि इसमें ड्रग्स है। जबकि मिली जानकारी के मुताबिक, सीबीआइ के सूत्रों ने कहा कि वह आदतन अपराधी है और ड्रग तस्कर गिरोह का सदस्य है।
15 नवंबर तक सीबीआइ की हिरासत में आरोपी
सीबीआइ के एक अधिकारी ने कहा, ऐसा लगता है कि अफ्रीका से हेरोइन इस गिरोह की मदद से भारत पहुंच रहा है। इस विषय पर गहन जांच होने की आवश्यकता है। हॉलिडे कोर्ट (Holiday Court) ने विस्लॉ को 15 नवंबर तक सीबीआइ की हिरासत में भेज दिया है।
